छत्तीसगढ़ में बीते 3 साल में 9 बाघ और 38 हाथियों की हुई मौत, विधानसभा सत्र के दौरान सरकार ने दी जानकारी
Raipur : छत्तीसगढ़ में बीते तीन सालों में 9 बाघ और 38 हाथियों की मृत्यु हुई है। इनके अलावा 562 वन्यजीवों की अस्वाभाविक मृत्यु हुई है।छत्तीसगढ़ विधानसभा बजट सत्र के दौरान सातवें दिन की कार्यवाही के दौरान मंगलवार काे वन मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस विधायक शेषराज हरवंश द्वारा पूछे गए प्रश्न के उत्तर में यह जानकारी दी है।लिखित जानकारी में बताया गया है कि 2 बाघों की मौत शिकारियों द्वारा लगाए गए अवैध बिजली के तारों (इलेक्ट्रोक्यूशन) की चपेट में आने से हुई। 2 बाघों की मृत्यु आपसी लड़ाई (इनफाइटिंग) के कारण हुई। एक युवा बाघ की मृत्यु गुजरात के एक केंद्र में अंगों के काम न करने (ऑर्गन फेलियर) के कारण हुई।कुल 38 हाथियों की मृत्यु हुई। इसमें 14 हाथियों की मौत का कारण बिजली का करंट (इलेक्ट्रोक्यूशन) बताया गया है। इसी अवधि में तेंदुए, भालू, नीलगाय और चीतल सहित 562 अन्य वन्यजीवों की भी अस्वाभाविक मृत्यु हुई है। आंकड़ों के अनुसार, स्थानीय सफारी पार्कों में विभिन्न बीमारियों और स्थितियों के कारण 145 वन्यजीवों की मृत्यु हुई।

मंत्री केदार कश्यप ने बताया कि बीते तीन सालों में छत्तीसगढ़ में 38 हाथियों की मौत हुई है। वर्ष 2023 में बलरामपुर में एक और धरमजयगढ़ में एक-एक हाथी की मौत हुई। वर्ष 2024 में 18 हाथी की मौत हुई, इनमें से रायगढ़ में चार, कोरबा में एक, बलरामपुर में तीन और उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व में एक, सूरजपुर में तीन, धमतरी में एक, बिलासपुर में एक, धरमजयगढ़ में तीन, सरगुजा एलीफेंट रिजर्व में एक हाथी की मौत हुई है।
विधान सभा में दी गई जानकारी के अनुसार वर्ष 2025 में 16 हाथियों की मौत हुई, इनमें से रायगढ़ वन मंडल में 7, धरमजयगढ़ में 4, कोरबा में 2, बलरामपुर में एक, सूरजपुर में एक, कटघोरा में एक हाथी की मौत हुई है। वहीं वर्ष 2026 में अब तक दो हाथियों की मौत हुई है।इनमें से एक उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व में एक और रायगढ़ वन मंडल में एक हाथी की मौत हुई है।
बीते दो सालों में छत्तीसगढ़ में 9 बाघों की मौत हुई है, इनमें से वर्ष 2024 में सारंगढ़-बिलाईगढ़ वन मंडल और कोरिया में एक-एक बाघ, वर्ष 2025 में अचानकमार टाइगर रिजर्व में एक, नंदनवन वन सफारी में दो, अचानकमार-अमरकंटक बायोस्फियर रिजर्व में दो, सूरजपुर में एक बाघ मिलाकर कुल 6 बाघों की मौत हुई थी। वर्ष 2026 में अचानकमार टाइगर रिजर्व में एक बाघ की मौत हुई है।




