उर्वरक संकट पर एफपीओ का फूटा गुस्सा, खाद नहीं मिलने से बर्बाद हो रही धान की खेती, किसानों को तत्काल राहत दे प्रशासन

Dr. Satendra Chandel @ Husenabad-palamu

Palamu जिले में धान की खेती के बीच उर्वरक संकट गहराता जा रहा है। इसी मुद्दे को लेकर वीकेएस एग्रीफार्म प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड के निदेशक प्रिय रंजन सिंह ने उपायुक्त पलामू को विस्तृत ज्ञापन सौंपकर जिले में खाद की किल्लत, वितरण व्यवस्था में कथित अनियमितता तथा किसानों के साथ हो रही परेशानी की ओर ध्यान आकृष्ट कराया है। संस्था ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध नहीं कराया गया तो हजारों किसानों की फसल प्रभावित हो सकती है।


ज्ञापन में कहा गया है कि इस वर्ष कम वर्षा के कारण जिले में मात्र लगभग 5 प्रतिशत धान रोपनी हो सकी थी। बाद में बारिश होने से किसानों ने तेजी से रोपाई शुरू की, लेकिन उसी समय डीएपी और यूरिया की भारी कमी सामने आ गई। संस्था का दावा है कि उर्वरक नहीं मिलने से किसानों की धान की फसल पीली पड़ने लगी है और कई किसान मजबूरी में बाजार से अधिक कीमत पर खाद खरीदने को विवश हैं।
वीकेएस एग्रीफार्म ने आरोप लगाया है कि जिले के कई एफपीओ (फार्मर प्रोड्यूसर ऑर्गेनाइजेशन) को पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध नहीं कराया जा रहा, जबकि कुछ चुनिंदा संस्थाओं को अपेक्षाकृत अधिक आवंटन मिल रहा है। संस्था ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों एवं संबंधित एजेंसियों की भूमिका स्पष्ट करने की मांग की है।
ज्ञापन में 30 जुलाई को कृषि विभाग की ओर से जारी उस निर्देश का भी उल्लेख किया गया है, जिसमें अनुदानित उर्वरक के साथ गैर-अनुदानित उर्वरक की जबरन बिक्री को अवैध बताया गया था। संस्था का आरोप है कि इसके बावजूद कई स्थानों पर किसानों को मजबूरी में अन्य उत्पाद खरीदने का दबाव बनाया जा रहा है, जिससे वे आर्थिक रूप से शोषण का शिकार हो रहे हैं।


वीकेएस एग्रीफार्म के निदेशक श्री सिंह ने बताया कि उसके साथ करीब 600 किसान सदस्य जुड़े हैं, जिनमें अधिकांश छोटे एवं सीमांत किसान हैं। संस्था ने किसानों की आवश्यकता को देखते हुए 500 बोरा डीएपी, 1200 बोरा यूरिया, 100 बोरा पोटाश तथा 200 बोरा एसएसपी, कुल 2000 बोरा उर्वरक तत्काल उपलब्ध कराने की मांग की है।
ज्ञापन की प्रतिलिपि कृषि मंत्री, कृषि सचिव, कृषि निदेशक, इफको के मुख्य प्रबंधक तथा क्षेत्रीय प्रबंधक को भी भेजी गई है। संस्था ने प्रशासन से शीघ्र हस्तक्षेप कर उर्वरक वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने की अपील की है, ताकि खरीफ सीजन में किसानों की मेहनत और धान की फसल दोनों को बचाया जा सके।

United Palamu

यूनाइटेड पलामू के डिजिटल टीम के द्वारा इस न्यूज़ को पूरी तरह से जांच परख कर तैयार किया गया है। उक्त टीम के द्वारा तथ्यों का गहन विश्लेषण करने के बाद न्यूज़ तैयार किया जाता है। न्यूज़ पोस्ट करने के पूर्व उसकी गहन समीक्षा की जाती है। तत्पश्चात न्यूज़ पोस्ट किया जाता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!