
अबैध पोस्ता के खेती के विरुद्ध थाना व वन विभाग ने चलाया जागरुकता कार्यक्रम

Latehar:बारियातु में अवैध अफ़ीम पोस्ता की खेती पर रोक लगाने के लिए बारियातु व हेरहंज थाना पुलिस एवं वन विभाग ने संयुक्त रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाने की पहल की है। इस कड़ी में हेरहंज प्रखंड के सलैया पंचायत अंतर्गत मारी गांव में अबैध अफीम पोस्ता के खेती को लेकर आयोजित विशेष जागरुकता कार्यक्रम में बारियातु प्रभारी थाना प्रभारी अनुप कुमार एसआई जितेंद्र कुमार और हेरहंज थाना प्रभारी सतेंद्र कुमार एवं वन विभाग के कर्मीयो ने ग्रामीणों से अफीम की खेती नहीं करने और इस अवैध गतिविधि से जुड़े किसी भी काम में शामिल नहीं होने की अपील की है।
पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाया कि अफीम की खेती और इससे जुड़े अवैध कारोबार में संलिप्तता कानूनन गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई हो सकती है। इसके साथ ही अवैध खेती से परिवार और समाज पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों के बारे में भी जानकारी दी गई।
जागरूकता अभियान के दौरान पुलिस ने बताया कि नशे से जुड़े अवैध कारोबार का असर केवल किसी एक परिवार तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इससे सामाजिक वातावरण, युवाओं के भविष्य और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नुकसान पहुंचता है।पुलिस ने किसानों और ग्रामीणों को वैध कृषि गतिविधियों को अपनाने तथा पारंपरिक खेती के माध्यम से आजीविका मजबूत करने के लिए प्रेरित किया।
ग्रामीणों से यह भी अपील की गई कि यदि उन्हें अपने आसपास कहीं अवैध अफीम की खेती या नशीले पदार्थों के कारोबार की जानकारी मिलती है, तो इसकी सूचना पुलिस को दें।पुलिस का उद्देश्य ग्रामीणों की भागीदारी से अवैध मादक पदार्थों की खेती पर अंकुश लगाना और क्षेत्र में नशामुक्त वातावरण तैयार करना है।मौके पर बारियातू व हेरहंज थाना के पदाधिकारी, पुलिस कर्मी ,क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, बुद्धिजीवी और ग्रामीण भारी संख्या में मौजूद रहे।




