
किशुनपुर में जनाक्रोश, किशुनपुर को ओपी से पिकेट में तब्दील किए जाने के बाद लोगों में है खासे नाराजगी
Palamu : पलामू जिला अंतर्गत पाटन थाना क्षेत्र के किशुनपुर ओपी को पिकेट में तब्दील कर दिया गया है। पिकेट के रूप में किशुनपुर को तब्दील कर दिया जाने के बाद यहां के लोगों में खासे आक्रोश देखा जा रहा है। रविवार को किशुनपुर क्षेत्र के लोगों ने किशुनपुर मार्केट को बंद रखा। इन लोगों का कहना था कि किशुनपुर को पिकेट से ओपी बनाया गया। लगातार 8 वर्षों तक ओपी रहने के बाद आखिर पिकेट क्यों बना दिया गया ? यहां के लोगों को यह भी कहना है कि आखिर किस पुलिस पदाधिकारी के इशारे पर ऐसा किया गया ?

किशुनपुर मार्केट बंद करा रहे लोगों का कहना था कि किशुनपुर से पिकेट बनाने की बात सिर्फ मौखिक आदेश पर हुआ है ?
किशुनपुर ओपी को पिकेट बना दिए जाने से क्षेत्र के व्यवसायियों व अन्य लोगों घोर निंदा किया है। लोगों का कहना है कि किशुनपुर शुरू से ही उपेक्षित रहा है। यह इलाका उग्रवाद प्रभावित क्षेत्र रहा है। इस क्षेत्र के व्यवसायियों में अब भय व्याप्त हो गया है। ओपी बनने से पहले यह क्षेत्र व्यावसायिक दृष्टिकोण से पिछड़ा हुआ था। व्यवसाई असुरक्षित महसूस करते थे।ओपी बन जाने के बाद ये लोग अपने आप को सुरक्षित महसूस कर रहे थे।
बता दें कि वर्ष 2009 में किशुनपुर में पुलिस पिकेट स्थापित किया गया था। इसके बाद किशुनपुर व्यवसायिक दृष्टिकोण से मजबूत होने लगा और विकास में तेजी आयी। किशुनपुर से ओपी तक मुख्य सड़क के दोनों किनारे दुकानें बनना शुरू हुआ। वर्ष 2014 में विष्णु दयाल राम सांसद बने। सांसद श्री राम ने किशुनपुर को गोद लिया। इस क्रम में सांसद द्वारा किशुनपुर में स्टेट बैंक के शाखा स्थापित करवाया गया। कई सड़कें बानी। वर्ष 2018 में किशुनपुर को पुलिस पिकेट से ओपी का दर्जा मिला। जिससे क्षेत्र में अमन चैन कायम हुआ। इसके बाद व्यवसाय के क्षेत्र में विकसित हुआ। व्यवसाई बेखौफ अपने अपने धंधे को आगे बढ़ाने में जुट गए।

अचानक बुधवार को जब लोगों ने ओपी के स्थान पर पिकेट लिखा पाया, तो व्यवसायियों के दिल में भय पैदा होने लगा। व्यवसायियों का कहना है कि लगन के समय दिन में 10 बजे रात्रि तक अपनी अपनी दुकानें खुला रखते थे और निर्भीक होकर अपने दुकानों को संचालित करते थे। आखिर अचानक ऐसी कौन सी आफत आई कि किशुनपुर ओपी को पिकेट बनाना पड़ गया।
इधर किशुनपुर को ओपी से पिकेट बना दिए जाने की खबर सुनते ही व्यवसायियों व आमजनों में आक्रोश व्याप्त है. किशुनपुर देवी मंडप के पास पाटन मध्य के पूर्व जिप सदस्य के नेतृत्व में व्यवसायियों व आमजनों की बैठक हुई. बैठक में किशुनपुर ओपी को पिकेट बनाने की घोर निंदा की गई. साथ ही इसके विरोध में चरणबद्ध तरीके आंदोलन करने का निर्णय लिया गया.
मौके पर सामाजिक कार्यकर्ता नंदकुमार राम, श्रीकांत तिवारी, व्यवसाई राजीव प्रसाद मालाकार, अजय प्रसाद कश्यप, राकेश गिरी, महेश प्रसाद कश्यप, चिंटू सोनी, बीरेंद्र सिंह, इंदुमति देवी, प्रेमचंद सोनी, शंभूनाथ गुप्ता, विकाश रजक, रौशन कुमार, कृष्णा उपाध्याय विकास उपाध्याय, दीपू सोनी, विजय गुप्ता, डिंपल गुप्ता, जमील मियां, सुधीर गिरी, रमजान अंसारी सहित कई अन्य कई लोगों ने किशुनपुर को ओपी हटाकर पिकेट किए जाने की निंदा किया है.




