
पलामू के किसानों पर मेहरबान हुई झारखंड सरकार, पांकी अमानत बराज का निर्माण कार्य अब होगा पूर्ण
Palamu : पलामू के किसानों के अब दिन बहुरने वाले हैं। जिले में लगभग डेढ़ दशक बाद पांकी अमानत बराज का निर्माण पूरा होने की उम्मीद जगी है। झारखंड की हेमंत सरकार ने इसकी तकनीकी स्वीकृति दे दी है। इस परियोजना को 947 करोड़ रूपए में इसे पूरा किया जाएगा। अब तक इस योजना पर 341 करोड रुपए खर्च हो गए हैं, जबकि 608 करोड रुपए और खर्च करके पूरा किया जाएगा और सिंचाई सुविधा खेतों तक पहुंचाई जाएगी।

इस योजना में सबसे अहम बात यह है कि मुख्य कैनाल से बिना जमीन अधिग्रहण किये किसानों के खेतों तक भूमिगत पाइपलाइन के माध्यम से पानी पहुंचाया जाएगा। इसके लिए 41.5 किलोमीटर लंबे कैनाल में 400 किलोमीटर पाइप लाइन के माध्यम से 800 आउटलेट बनेंगे, जिसके माध्यम से खेतों तक पानी पहुंचाया जाएगा। 23 हजार हेक्टेयर में सिंचाई होगी।
सरकार के स्तर से बजट में शामिल कर तकनीकी स्वीकृति दिलाने के बाद राज्य के वित्त मंत्री मंगलवार को पांकी अमानत बराज सहित इससे निकले कैनाल रूट का जायजा लिया। उनके साथ जल संसाधन विभाग के चीफ इंजीनियर विजय कुमार भगत और कार्यपालक अभियंता जालेश्वर रजवार भी थे।
बता दें कि वर्ष 1973 में इस योजना की शुरुआत की गई थी। वर्ष 2010 तक इस योजना पर कार्य हुआ, लेकिन कैनाल के लिए जमीन अधिग्रहण नहीं होने से निर्माण कार्य रुक गया था।
झारखंड सरकार ने इस योजना को पूरा करने के लिए प्रतिबद्धता दिखाई है। इसी का परिणाम है कि सरकार ने इसकी तकनीकी स्वीकृति दी। मुख्य कैनाल का निर्माण 29 किलोमीटर तक हो गया है। 12.5 किलोमीटर का निर्माण कार्य बचा हुआ है।




