
हेमंत सरकार का ऐतिहासिक फैसला : पेशा कानून लागू होने से आदिवासी इलाकों को मिलेगा सीधा लाभ : आफताब आलम
Latehar : प्रदेश कांग्रेस के पूर्व युवा उपाध्यक्ष आफताब आलम ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और मंत्री दीपिका पांडेय का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि झारखंड में पेशा (PESA) कानून को कैबिनेट से मंज़ूरी मिलना एक ऐतिहासिक और दूरदर्शी कदम है। उन्होंने कहा कि बीजेपी के लंबे शासनकाल में जिस कानून के लिए वर्षों तक संघर्ष हुआ, उसे हेमंत सोरेन सरकार ने लागू कर आदिवासी समाज के अधिकारों को मजबूती दी है।

15 आदिवासी बहुल जिले को मिलेगा फायदा
आफताब आलम ने कहा कि इस फैसले से राज्य के 15 आदिवासी बहुल जिलों को सीधे तौर पर लाभ मिलेगा। अब ग्राम सभा को जल, जंगल और ज़मीन की रक्षा का अधिकार मिलेगा और स्थानीय स्तर पर निर्णय लेने की शक्ति सशक्त होगी।उन्होंने आगे कहा कि आज का दिन दोहरी खुशी लेकर आया है—एक ओर पेशा कानून को मंज़ूरी मिली है, वहीं दूसरी ओर क्रिसमस का पर्व भी मनाया जा रहा है। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों, विशेषकर ईसाई समाज को क्रिसमस की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ दीं।आफताब आलम ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार का यह निर्णय सामाजिक न्याय, संवैधानिक अधिकारों और आदिवासी स्वशासन की दिशा में एक मजबूत कदम है।




