
Man Ki Bat : पीएम मोदी ने कहा : 2025 में एक साथ दिखाई दी आस्था, संस्कृति व भारत की आध्यात्मिक विरासत
New Delhi : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ में देशवासियों से दवाओं के उपयोग में सावधानी बरतने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि दवा लेने से पहले उचित गाइडेंस लेना और एंटीबायोटिक के सेवन के लिए डॉक्टर की सलाह अवश्य लेनी चाहिए।प्रधानमंत्री ने इस संदर्भ में आईसीएमआर की एक हालिया रिपोर्ट का हवाला दिया। उन्होंने बताया कि रिपोर्ट के अनुसार निमोनिया और यूटीआई जैसी कई बीमारियों के खिलाफ एंटीबायोटिक दवाएं कमजोर साबित हो रही हैं। इसका मुख्य कारण लोगों द्वारा बिना सोचे-समझे एंटीबायोटिक का सेवन करना है। इसलिए उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अपनी मनमर्जी से दवाओं का उपयोग करने से बचें।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम की 129वीं कड़ी और वर्ष के अंतिम एपिसोड की शुरुआत वर्ष 2025 में देश की उपलब्धियों से की।
वर्ष 2025 में भारत ने कई मील का पत्थर साबित होने वाली उपलब्धियां हासिल की : पीएम मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि इस वर्ष भारत ने कई मील का पत्थर साबित होने वाली उपलब्धियां हासिल की हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा (ऑपरेशन सिंदूर), खेल (महिला विश्वकप) और वैज्ञानिक नवाचार जैसे क्षेत्रों में हुई प्रगति ने वैश्विक मंच पर भारत के प्रभाव को दर्शाया है।उन्होंने कहा कि साल 2025 में आस्था, संस्कृति और भारत की आध्यात्मिक विरासत एक साथ दिखाई दी। वर्ष की शुरुआत प्रयागराज के कुंभ से हुई और अंत अयोध्या में राम मंदिर के ध्वजारोहण कार्यक्रम के साथ हुआ, जिसने हर भारतीय को गर्व से भर दिया।प्रधानमंत्री ने युवाओं के देश के लिए कुछ करने के जज्बे को सलाम किया और कहा कि आज के युवा विभिन्न माध्यमों से राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहते हैं। इस संदर्भ में उन्होंने बताया कि 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती पर ‘यंग लीडर डायलॉग’ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें वे स्वयं भी भाग लेंगे।




