
सरस्वती शिशु विद्या मंदिर जपला में शिशु वाटिका एवं अन्य आचार्यों का कार्यशाला आयोजित
हुसैनाबाद : सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, जपला में आयोजित चार दिवसीय शिशु वाटिका एवं आचार्य कार्यशाला के तीसरे दिन उत्साह एवं रचनात्मक गतिविधियों के साथ संपन्न हुई। यह कार्यशाला 24 मई से 27 मई 2026 तक आयोजित की जाएगी। जिसमें विद्यालय के सभी आचार्य एवं दीदीजी ने सक्रिय सहभागिता निभाई।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री कुशजी पाण्डेय ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति–2020 के अनुरूप शिक्षा के साथ-साथ बालकों में कौशल विकास, सृजनात्मकता एवं व्यवहारिक ज्ञान का विकास अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य से विद्यालय में गतिविधि-आधारित शिक्षण सामग्री (TLM) का निर्माण किया जा रहा है, जिससे भैया-बहनों के लिए शिक्षण कार्य अधिक रोचक, सरल एवं प्रभावी बनाया जा सके।प्रारंभिक शिक्षा को आनंदमय एवं गतिविधि-आधारित बनाने से बच्चों में सीखने की रुचि बढ़ती है तथा उनमें आत्मविश्वास एवं रचनात्मक सोच का विकास होता है।
कार्यशाला के दौरान शिशु वाटिका की दीदीजी एवं विभिन्न कक्षाओं के आचार्यों द्वारा मिट्टी, चार्ट, रंगीन कागज एवं अन्य सामग्रियों की सहायता से फल, सब्जियाँ, अक्षर, अक्षर लेखन सामग्री, अंक तथा गणित, विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान से संबंधित विभिन्न शैक्षणिक सामग्री तैयार की गई। इन सामग्रियों का उपयोग ग्रीष्मावकाश के उपरांत विद्यालय खुलने पर कक्षाओं में शिक्षण कार्य एवं गतिविधियों के दौरान किया जाएगा। कार्यशाला में निर्मित सामग्री बच्चों के बौद्धिक एवं कौशल विकास में सहायक सिद्ध होगी।
इस अवसर पर विद्यालय के सभी आचार्य एवं दीदीजी उपस्थित रहे। विद्यालय परिवार ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार की कार्यशालाएँ भैया-बहनों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगी।




