
सरस्वती शिशु विद्या मंदिर मेदिनीनगर में धूमधाम से मनाया गया विश्व योग दिवस
- मुख्य अतिथि मंगल सिंह ने विद्यार्थियों को दिया नियमित योग करने का संदेश
मेदिनीनगर स्थित सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के प्रांगण में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (विश्व योग दिवस) अत्यंत हर्षोल्लास और गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय के भैया-बहनों (विद्यार्थियों), आचार्यों और कर्मचारियों ने सामूहिक रूप से योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन का संकल्प लिया।कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि श्री मंगल सिंह जी, विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री चितरंजन सिंह और प्रबंध समिति के सदस्यों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन और वंदना के साथ हुई।

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्री मंगल सिंह जी ने कहा, “योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि यह मन, शरीर और आत्मा को जोड़ने का विज्ञान है। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और मानसिक तनाव से बचने के लिए छात्रों को बचपन से ही योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। योग से एकाग्रता बढ़ती है, जो विद्यार्थियों के शैक्षिक विकास के लिए बेहद जरूरी है।
सामूहिक योगाभ्यास का आयोजन इसके उपरांत विद्यालय के क्रीड़ा एवं शारीरिक प्रमुख श्री वेद प्रकाश जी, श्री अशोक पाठक जी एवं श्रीमती गीता ओझा जी के निर्देशन में सामूहिक योगाभ्यास सत्र का आयोजन किया गया। इसमें सभी उपस्थित लोगों ने कपालभारती, अनुलोम-विलोम, भ्रामरी प्राणायाम के साथ-साथ ताड़ासन, वज्रासन और सूर्य नमस्कार जैसे विभिन्न आसनों का अभ्यास किया। योग सत्र का समापन ‘विश्व शांति पाठ’ और कल्याण मंत्र के साथ हुआ।

विद्यालय के प्रधानाचार्य ने मुख्य अतिथि श्री मंगल सिंह को अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न भेंटकर उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विद्या मंदिर का उद्देश्य हमेशा से बच्चों का शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक विकास करना रहा है, और योग इस मार्ग का सबसे सशक्त माध्यम है।
कार्यक्रम के अंत में प्रधानाचार्य जी ने सभी अतिथि आचार्य जी दीदी जी कर्मचारी बंधु भगनी एवं भैया बहनों सहित नैतिक दिनचर्या हेतु शपथ ग्रहण किया।
इस अवसर पर विद्यालय प्रबंध समिति के पदाधिकारी, सभी आचार्य दीदीजी, और भारी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।




