
पलामू में मुखिया सम्मेलन : पंचायत सशक्तिकरण एवं महिला भागीदारी पर दिया गया जोर
Palamu : पलामू प्रमंडलीय मुख्यालय मेदिनीनगर में मुख्यमंत्री पंचायत प्रोत्साहन पुरस्कार सह मुखिया सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर,ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडे सिंह, विधायक रामचंद्र सिंह, निदेशक पंचायती राज श्रीमती राजेश्वरी बी, उपायुक्त पलामू दिलीप प्रताप सिंह शेखावत, जिला परिषद उपाध्यक्ष आलोक कुमार सिंह एवं उप विकास आयुक्त सहित अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया।

उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने स्वागत भाषण देते हुए सभी माननीय अतिथियों, जनप्रतिनिधियों, मुखियागण, मीडिया प्रतिनिधियों एवं उपस्थित आगंतुकों का हार्दिक स्वागत किया। उन्होंने कहा कि पंचायतें प्रशासन और आम जनता के बीच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं तथा ग्रामीण विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने मुखियाओं से अपील की कि वे पारदर्शिता, जवाबदेही एवं समर्पण के साथ कार्य करते हुए सरकार की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाएं।
वित्त मंत्री राधा कृष्ण किशोर ने अपने संबोधन में कहा कि पलामू प्रमंडल के लोगों की क्रय शक्ति अन्य जिलों की तुलना में कम है। उन्होंने ‘मइया समान योजना’ को महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रभावी पहल बताया। उन्होंने कहा कि अब महिलाएं अपने परिवार की मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति स्वयं करने में सक्षम हो रही हैं। उन्होंने पेसा कानून के क्रियान्वयन के लिए मंत्री श्रीमती दीपिका पांडे सिंह का आभार व्यक्त किया तथा मुखियाओं को डिजिटल माध्यमों के उपयोग के लिए प्रेरित करते हुए विभाग से उन्हें इस दिशा में सशक्त बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। मंत्री श्रीमती दीपिका पांडे सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि त्रिस्तरीय पंचायती व्यवस्था को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए आवश्यक सशक्त कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि आज भले ही यह मुखिया सम्मेलन है, लेकिन आने वाले समय में वार्ड सदस्यों को भी विकास का सक्रिय भागीदार बनाया जाएगा।विधायक मनिका रामचंद्र सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि पंचायतें ग्रामीण विकास की आधारशिला हैं। उन्होंने मुखियाओं से आह्वान किया कि वे सरकार की योजनाओं को पारदर्शिता एवं प्रतिबद्धता के साथ धरातल पर उतारें तथा अंतिम व्यक्ति तक उसका लाभ पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के समन्वय से ही क्षेत्र का समग्र विकास संभव है।
निदेशक पंचायती राज श्रीमती राजेश्वरी बी ने पंचायतों के सुदृढ़ीकरण एवं योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर अपने विचार साझा किए तथा मुखियाओं को विभागीय योजनाओं का बेहतर उपयोग करने के लिए प्रेरित किया।पाटन प्रखंड के किशनपुर पंचायत की मुखिया सुमन गुप्ता द्वारा अपने अनुभव साझा किए गए। उन्होंने कहा कि पंचायती राज व्यवस्था में एक महिला के रूप में मुखिया होना उनके लिए गर्व की बात है। उन्होंने बताया कि पहले जहां महिलाएं घर की चारदीवारी तक सीमित थीं, वहीं आज वे समाज में सशक्त रूप से अपनी भागीदारी निभा रही हैं और विकास कार्यों में सक्रिय योगदान दे रही हैं। उन्होंने यह भी बताया कि पंचायत स्तर पर ही अधिकांश समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा रहा है तथा प्रज्ञा केंद्र के माध्यम से ग्रामवासियों को विभिन्न प्रमाण पत्र एवं आवश्यक दस्तावेज कम समय में उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिससे लोगों को जिला मुख्यालय आने की आवश्यकता कम हो गई है। इसी क्रम में चियांकी की मुखिया विनको उरांव ने भी अपना अनुभव साझा किया।उप विकास आयुक्त पलामू श्री जावेद हुसैन द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया।कार्यक्रम में पंचायत सुदृढ़ीकरण, जनसेवा की दक्षता एवं स्थानीय स्तर पर सुशासन को बढ़ावा देने पर विशेष बल दिया गया। समारोह में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, मीडिया प्रतिनिधिएवं मुखियागण उपस्थित रहे।कार्यक्रम के दौरान प्रमंडल से आए हुए कुछ मुखियाओं को विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट कार्य करने हेतु माननीय मंत्रियों द्वारा सम्मानित किया गया, जिसकी सूची निम्नवत् है।




