
जेटेट नियमावली रद्द होना पलामू की युवाओं की जीत : आशुतोष तिवारी
परीक्षा का आयोजन नहीं हुआ तो होगा जोरदार आंदोलन
Palamu : जेटेट नियमावली रद्द होने पर प्रतिक्रिया देते हुए युवा समाजसेवी सह हम पार्टी सेकुलर के पलामू जिला अध्यक्ष आशुतोष कुमार तिवारी ने कहा कि यह हमारे आंदोलन और पलामू के लाखों युवाओं की जीत है। संविधान की मूल भावना के अनुसार प्रत्येक क्षेत्र एवं बोली बोलने वाले लोगों को समान अवसर पाने का अधिकार है परंतु जेटेट नियमावली तर्कसंगत नहीं थी। सरकार ने बिना जमीनी हकीकत समझे और युवाओं के भविष्य की परवाह किए बिना यह नियमावली लागू करने का प्रयास किया था जिसका खामियाजा लाखों युवाओं को भुगतना पड़ रहा था।
उन्होंने कहा कि पलामू प्रमंडल के साथ हमेशा सौतेला व्यवहार किया जाता रहा है जिसे हम पार्टी बिल्कुल बर्दाश्त करने के मूड में नहीं है।
उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि झारखंड में 2011 से शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू है जिसके तहत प्रत्येक वर्ष शिक्षक पात्रता परीक्षा आयोजित किया जाना है। परंतु झारखंड का दुर्भाग्य है कि अभी तक मात्र दो बार ही इस परीक्षा का आयोजन हो पाया है।

उन्होंने कहा कि 2012 में नियमावली बनी थी जिसके आधार पर 2013 और 2016 में शिक्षक पात्रता परीक्षा आयोजित की गई थी। इसके बाद दोबारा 2019 में नियमावली बनाई गई और इसमें अभी तक चार बार बदलाव किया जा चुका है परंतु परीक्षा आयोजित नहीं की जा सकी है। जिसका खामियाजा यहां के लाखों युवाओं को उठाना पड़ रहा है। झारखंड राज्य में 10 वर्षों से शिक्षक पात्रता परीक्षा नहीं हो पाया है और करीब 5 लाख परीक्षार्थी इस परीक्षा का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
तिवारी ने कहा कि झारखंड सरकार से अपील है कि इस बार भी नियमों की आड़ में यह परीक्षा नहीं टले और सफलतापूर्वक परीक्षा आयोजित किया जा सके ताकि लाखों परीक्षार्थी इस परीक्षा में शामिल हो सके और अपने भविष्य का निर्माण कर सके। युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बिल्कुल ही बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और हम यह चेतावनी देते हैं कि इस बार भी परीक्षा का आयोजन नहीं हो पाया तो सड़क से लेकर सदन तक जोरदार आंदोलन किया जाएगा।




